जब मन अशांत हो, जीवन में उलझनें हों या दिल बस श्रीकृष्ण को पुकार रहा हो — तब krishna chalisa एक ऐसा सहारा बन जाती है जो भीतर तक सुकून भर देती है।
भगवान श्रीकृष्ण केवल एक देवता नहीं, बल्कि जीवन जीने की कला हैं। उनकी चालीसा पढ़ते समय ऐसा लगता है जैसे कान्हा खुद पास बैठकर मुस्कुरा रहे हों।